इंग्लैंड के खिलाफ मैनचेस्टर टेस्ट मैच में भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत को चोट लग गई थी. पहले दिन के खेल के दौरान ऋषभ पंत तेज गेंदबाज क्रिस वोक्स की गेंद पर रिवर्स स्वीप मारना चाहते थे, इसी दौरान बॉल उनके दाएं पैर पर जा लगी. पंत की चोट इतनी गंभीर थी कि उन्हें मैदान छोड़ना पड़ा था. हालांकि पंत ने दर्द के बावजूद अगले दिन बल्लेबाजी की और अपना अर्धशतक पूरा किया.

ऋषभ पंत विकेटकीपिंग करने की हालत में नहीं थे. ऐसे में ध्रुव जुरेल ने उनकी जगह इस मुकाबले में ये जिम्मेदारी संभाली. एक बात गौर करने वाली थी कि जुरेल ने विकेटकीपिंग तो की, लेकिन वो इस मैच में बल्लेबाजी या गेंदबाजी करने के योग्य नहीं थे. मौजूदा नियमों के तहत यदि कोई खिलाड़ी इंजर्ड (आंख या सिर में लगी चोट को छोड़कर) होता है, तो उसकी जगह आने वाला खिलाड़ी बैटिंग या बॉलिंग नहीं कर पाएगा. लेकिन यदि खिलाड़ी को आंख या सिर में चोट लगती है, तो कन्कशन सब्स्टीट्यूट का इस्तेमाल किया जा सकता है, जो बैटिंग या बॉलिंग करने के योग्य होता है.

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ऋषभ पंत की इंजरी के बाद आईसीसी के मौजूदा सब्स्टीट्यूट रूल को लेकर खूब बहस हो रही है. भारतीय टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने कहा कि अगर कोई खिलाड़ी मैच के दौरान गंभीर रूप से चोटिल होता है, तो टीम को उसके लिए सब्स्टीट्यूट खिलाड़ी का विकल्प रहना चाहिए. गंभीर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘अगर खिलाड़ी की चोट साफ दिखाई दे रही है, तो अंपायर और मैच रेफरी की मंजूरी से उसे बदला जाना चाहिए. यह जरूरी है कि मुकाबला 11 vs 11 बना रहे, ना कि 10 बनाम 11.’

इंग्लिश कप्तान बेन स्टोक्स ने क्या कहा?
उधर इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स भारतीय कोच गौतम गंभीर के सब्स्टीट्यूट रूल पर दिए गए बयान से बिल्कुल भी सहमत नहीं हैं. स्टोक्स ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘इंजरी क्रिकेट का हिस्सा है. अगर चोट पर सब्स्टीट्यूशन की अनुमति दी गई तो टीमें इसका गलत फायदा उठा सकती हैं. अगर स्कैन में थोड़ी सी सूजन भी दिखेगा तो खिलाड़ी को रिप्लेस करने की मांग शुरू हो जाएगी. इसलिए यह चर्चा ही बंद कर देनी चाहिए.’

पंत

गौतम गंभीर ने ऋषभ पंत की हिम्मत की खूब तारीफ की. गंभीर का मानना है कि ऋषभ पंत ने पैर में फ्रैक्चर के बावजूद बल्लेबाजी करके मिसाल पेश की है. गंभीर ने कहा, ‘पंत जैसे खिलाड़ी ही टीम की रीढ़ और पहचान होते हैं. फ्रैक्चर के बावजूद बल्लेबाजी करना कोई आसान काम नहीं है. आने वाली पीढ़ियां इस बारे में बात करेंगी. देश के लिए ऋषभ पंत के इस जज्बे को सलाम.’

ध्रुव जुरेल ने इससे पहले लॉर्ड्स टेस्ट मैच में भी ऋषभ पंत के स्थान पर विकेटकीपिंग की थी. जुरेल तब भी नियमानुसार बल्लेबाजी या गेंदबाजी करने के लिए योग्य नहीं थे. पंत को लॉर्ड्स टेस्ट मैच में चोट तब लगी थी, जब वो तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की गेंद को कलेक्ट करने की कोशिश कर रहे थे. तब गेंद पंत के बाएं हाथ की तर्जली उंगली पर जा लगी थी.

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