खत्म होगी जंग या तूफान से पहले की शांति? अलास्का से गदगद होकर लौटे पुतिन, अब ट्रंप-जेलेंस्की की मीटिंग पर सबकी नजरें – Russia Ukraine war Putin satisfied from Alaska meeting all eyes are on the Trump Zelensky meeting ntc


रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शनिवार को कहा कि उनकी अलास्का यात्रा ‘मौजूं और बेहद उपयोगी’ रही. उन्होंने यह बयान क्रेमलिन में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक के दौरान दिया. पुतिन ने अधिकारियों से यह भी कहा कि रूस, यूक्रेन संघर्ष पर अमेरिका की स्थिति को स्वीकार करता है और मॉस्को शांतिपूर्ण समाधान की दिशा में आगे बढ़ने का इरादा रखता है.

पुतिन ने कहा, ‘काफी समय से इस स्तर पर इस तरह की सीधी बातचीत नहीं हुई थी. हमें अपने रुख को शांति से और विस्तार से दोहराने का मौका मिला.’ उन्होंने आगे कहा, ‘हम अमेरिकी प्रशासन की उस सोच का सम्मान करते हैं, जिसमें युद्ध को जल्द से जल्द खत्म करने की जरूरत समझी जा रही है. यही हमारा भी लक्ष्य है. हम चाहते हैं कि सभी मुद्दों का हल शांतिपूर्ण तरीके से निकले.’

ट्रम्प पुतिन

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‘स्पष्ट, ठोस और जरूरी फैसलों के करीब’

पुतिन ने बातचीत को ‘बहुत स्पष्ट, ठोस और जरूरी फैसलों के करीब ले जाने वाला’ बताया. न्यूज एजेंसी एएफपी ने यह जानकारी दी. अलास्का में शुक्रवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पुतिन की मुलाकात हुई थी. यह फरवरी 2022 में यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद से अमेरिका-रूस की पहली शिखर बैठक थी, जो तीन घंटे चली.

सोमवार को वॉशिंगटन में होंगे जेलेंस्की

इस बीच, यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदिमीर जेलेंस्की सोमवार को वॉशिंगटन जाने वाले हैं. वहां उन पर अमेरिका की ओर से रूस के साथ युद्ध के तेजी से समाधान की दिशा में सहमति देने का दबाव होगा. जेलेंस्की एक तरफ यूक्रेन के मूल हितों की रक्षा करना चाहेंगे, वहीं इस बार वह उस तनावपूर्ण स्थिति से बचना चाहेंगे, जैसी व्हाइट हाउस में पहले डोनाल्ड ट्रंप के साथ उनकी बातचीत के दौरान बन गई थी.

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तनावपूर्ण हो गई थी पिछली बातचीत

यह दौरा अलास्का में हुई बैठक के बाद हो रहा है, जिसमें अमेरिका ने पुतिन की मेजबानी की थी. इस कदम से यूक्रेन में नाराजगी बढ़ी है, जो 2022 से रूसी हमले को झेल रहा है. अलास्का वार्ता बिना किसी सीजफायर के खत्म हो गई. इसके बाद ट्रंप ने कहा कि अब वह ‘तेज और पूर्ण शांति समझौता’ चाहते हैं और कीव से अपील की कि ‘रूस बहुत बड़ी ताकत है, और वे नहीं मानने वाले.’ जेलेंस्की की यह वॉशिंगटन यात्रा फरवरी के बाद पहली बार होगी, जब उनकी ट्रंप के साथ बातचीत कथित तौर पर तनावपूर्ण हो गई थी.

तुस्र्प

पीछे हटने को तैयार नहीं जेलेंस्की

रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, उस समय की चर्चाओं से जुड़े एक सूत्र ने बताया कि ट्रंप ने जेलेंस्की से कहा था कि पुतिन ने अन्य जगहों पर हमला रोकने की पेशकश की है, अगर यूक्रेन डोनेट्स्क और लुहान्स्क से पीछे हट जाए. लेकिन जेलेंस्की ने इसे ठुकरा दिया, यह कहते हुए कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यूक्रेनी क्षेत्र छोड़ना नामुमकिन है.

रॉयटर्स की रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि जेलेंस्की ने पुतिन से मिलने की इच्छा जताई है. रूस का हमला, जो 24 फरवरी 2022 को शुरू हुआ था, अब तक लाखों लोगों को विस्थापित कर चुका है, लाखों की जान ले चुका है और यूक्रेन के बड़े हिस्से को तबाह कर चुका है.

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