Exclusive: पहली बार कैमरे पर हिज्बुल्लाह कमांडर, इजरायल को दी खुली चुनौती, कहा- आखिरी सांस तक लड़ेंगे – hezbollah commander hassan exclusive interview aajtak lebanon war israel ntc ksrj


दक्षिण लेबनान के युद्ध क्षेत्र में सक्रिय संगठन हिज्बुल्लाह के एक कमांडर/प्रवक्ता ने पहली बार टीवी पर आकर बड़ा बयान दिया. ‘आजतक’ को दिए यह इंटरव्यू में हिज्बुल्लाह कमांडर ने इजरायल-ईरान युद्ध और दक्षिण लेबनान की स्थिति पर खुलकर बात की.

हिज़्बुल्लाह के कमांडर और प्रवक्ता हसन ने बताया कि हिज्बुल्ला के लड़ाके पिछले 15 महीनों से इस युद्ध का इंतजार कर रहे थे. हसन मुताबिक, सीज़फायर के दौरान भी इजरायल लगातार दक्षिण लेबनान में हमले कर रहा था और नागरिकों को निशाना बना रहा था. हसन ने आरोप लगाया कि सीज़फायर के दौरान इजरायल ने करीब 4000 बार हमले किए, जिसमें घर, सड़कें और इंफ्रास्ट्रक्चर को भारी नुकसान हुआ और लगभग 500 लोग मारे गए.

हिज्बुल्लाह कमांडर कहा कि दक्षिण लेबनान के लोगों की सुरक्षा के लिए हिज्बुल्लाह लड़ रहा है और अब यह युद्ध जल्दी रुकने वाला नहीं है. हसन के शब्दों में, “दक्षिण लेबनान का हर व्यक्ति हिज्बुल्लाह है और हम अपने इलाके की रक्षा के लिए आखिरी सांस तक लड़ेंगे.” हसन ने यह भी कहा कि पहले यहां लेबनानी सेना तैनात थी, लेकिन वह इजरायल की कार्रवाई रोकने में सफल नहीं रही, इसलिए अब स्थानीय लोग खुद हिज्बुल्लाह का समर्थन कर रहे हैं.

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हिज्बुल्लाह कमांडर ने दावा किया कि 25 दिनों की लड़ाई में उन्होंने इजराइल की सेना के 119 मर्कावा टैंक और आर्मर्ड व्हीकल को नुकसान पहुंचाया है. साथ ही उत्तरी इजरायल में कम से कम 20 सैन्य ठिकानों पर हमला करने का भी दावा किया गया. हसन ने कहा कि हिज्बुल्लाह इजरायली सेना को लितानी नदी के पास तक पहुंचने नहीं दे रहा है, जो इस युद्ध में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक क्षेत्र माना जाता है.

ईरान पर क्या कहा?
ईरान के मुद्दे पर हिज्बुल्लाह कमांडर ने कहा कि 1982 में जब संगठन बना, तब यह एक स्थानीय आंदोलन था. इतिहास का हवाला देते हुए कहा कि ज़ायोनी शासन हमेशा से लेबनान को ‘ग्रेटर इजरायल’ का हिस्सा बनाना चाहता था, जिसे रोकने के लिए ईरान ने हथियारों से हमारी मदद की क्योंकि ईरान लेबनान के लोगों का समर्थन करना चाहता था. उन्होंने कहा कि ईरान आज भी समर्थन करता है, लेकिन असली ताकत दक्षिण लेबनान के लोगों का समर्थन है.

जब  ईरान से हथियार सप्लाई के बारे में पूछा गया, तो हिज्बुल्लाह कमांडर ने सीधे जवाब देने से बचते हुए कहा कि कहा कि इसका जवाब “जंग का मैदान देगा”. उसने कहा कि दक्षिण लेबनान से विस्थापित लोग कह रहे हैं कि जीत के बिना वापस मत आना, जिससे साफ है कि स्थानीय लोग हिज्बुल्लाह के साथ हैं.

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युद्ध कब तक चलेगा?
हिज्बुल्लाह कमांडर ने साफ कहा कि इस युद्ध की कोई समय सीमा नहीं है. अगर हमारे लड़ाके नहीं लड़ेंगे तो इजरायल उन्हें खत्म कर देगा, इसलिए वे आखिरी सांस तक लड़ेंगे.

इस बातचीत के बाद यह साफ हो गया है कि दक्षिण लेबनान में संघर्ष जल्दी खत्म होने वाला नहीं है और आने वाले समय में यह युद्ध और तेज हो सकता है, जिसका असर पूरे मध्य पूर्व की राजनीति और सुरक्षा स्थिति पर पड़ सकता है.

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