'अविमुकेश्वरानंद शादीशुदा हैं, उनके बच्चे भी हैं', आशुतोष महाराज का दावा- शामली संत समाज विवाद आशुतोष ब्रह्मचारी का बयान lclar


उत्तर प्रदेश के शामली में उस समय धार्मिक जगत में हलचल मच गई जब संत समाज के बीच प्रवास के दौरान ब्रह्मचारी आशुतोष महाराज ने एक विवादित बयान देते हुए स्वयंभू शंकराचार्य पर गंभीर आरोप लगाए. उनके इस बयान के बाद संत समाज में चर्चा का माहौल तेज हो गया है और विभिन्न तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं.

ब्रह्मचारी आशुतोष महाराज ने अपने बयान में कहा कि जिस व्यक्ति को शंकराचार्य बताया जा रहा है, वह नकली है. उन्होंने आरोप लगाया कि उस व्यक्ति का वैवाहिक जीवन रहा है और उसकी संतान भी है, जो शंकराचार्य परम्परा की मर्यादा के विपरीत है. उनका कहना है कि यह मामला केवल किसी एक व्यक्ति का नहीं बल्कि पूरे सनातन धर्म और उसकी परम्पराओं की गरिमा से जुड़ा हुआ है.

संत समाज के बीच बयान से मची हलचल

इसके अलावा उन्होंने आगे कहा कि इस तरह के मामलों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. अगर आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानून के तहत कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि शंकराचार्य की गद्दी आदिगुरु शंकराचार्य की पवित्र परम्परा का प्रतीक है और इसकी गरिमा बनाए रखना हर धर्मप्रेमी की जिम्मेदारी है.

ब्रह्मचारी आशुतोष महाराज ने इस मुद्दे को गंभीर बताते हुए संत समाज और आम नागरिकों से एकजुट होने का आह्वान किया. उन्होंने सनातन न्याय यात्रा में अधिक से अधिक लोगों से भाग लेने की अपील की और कहा कि धर्म और परम्परा की रक्षा के लिए समाज का जागरूक होना बहुत जरूरी है.

उनके इस बयान के बाद संत समाज में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है. कई लोग इस पर अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं और मामले को लेकर अलग-अलग विचार सामने आ रहे हैं. हालांकि अभी तक प्रशासन या संबंधित संगठनों की ओर से इस पूरे मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.

निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग

ब्रह्मचारी आशुतोष महाराज ने अपने बयान में दोहराते हुए कहा कि जिस व्यक्ति को शंकराचार्य बताया जा रहा है, वह नकली है और उसके जीवन से जुड़े तथ्य परम्परा के खिलाफ हैं. उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की सच्चाई सामने आनी चाहिए ताकि धर्म की गरिमा बनी रह सके. फिलहाल यह मामला संत समाज के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है और सभी की नजर इस पर बनी हुई है कि आगे इस मामले में क्या कदम उठाए जाते हैं और क्या जांच के जरिए सच्चाई सामने आ पाती है.

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शामली संत विवाद



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