‘भारत-चीन नरक जैसी जगह’, डोनाल्ड ट्रंप की पोस्ट पर मचा बवाल! MEA ने कहा- भद्दी टिप्पणी – donald trump social media repost controversy us embassy india mea response wdrk


अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट को रीपोस्ट किया जिससे भारत में विवाद शुरू हो गया है. पोस्ट में भारत, चीन और कुछ अन्य देशों के ‘नरक जैसी जगहें’ कहा गया था जिस पर भारत ने कड़ी आपत्ति जताई है. भारत ने कहा है कि इस तरह की बातें अनुचित और भद्दे किस्म की हैं.

भारत में बढ़ते विरोध के बीच अमेरिकी दूतावास ने गुरुवार को इस मामले को संभालने की कोशिश की और कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति भारत को एक ‘महान देश’ मानते हैं, जिसका नेतृत्व उनके ‘बहुत अच्छे दोस्त’ (प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी) के हाथों में है.

अमेरिकी दूतावास के प्रवक्ता ने कहा, ‘राष्ट्रपति ने कहा है कि भारत एक महान देश है, जहां के नेता मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं.’

ट्रंप ने ऐसा क्या पोस्ट किया कि दूतावास को करना पड़ा बचाव

अमेरिकी दूतावास की ओर ले यह बयान भारतीय मीडिया के सवालों के जवाब में आया है. सवाल उस विवाद को लेकर पूछे गए थे, जो ट्रंप के रेडियो शो होस्ट माइकल सैवेज की सोशल मीडिया टिप्पणियों को रीपोस्ट करने के बाद पैदा हुआ. सैवेज ने भारत, चीन और कुछ अन्य देशों को ‘नरक जैसी जगहें’ कहा था.

हालांकि, प्रवक्ता ने यह साफ नहीं किया कि ट्रंप ने भारत को महान देश बताने वाली टिप्पणी कब और कहां की थी.

सैवेज ने यह टिप्पणी अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट में जन्मसिद्ध नागरिकता को चुनौती देने वाले एक मामले के संदर्भ में की थी.

ट्रंप ने माइकल सैवेज का बयान शेयर किया, जिसमें लिखा है, ‘यहां (अमेरिका में) एक बच्चा तुरंत नागरिक बन जाता है और वो फिर एक पूरे परिवार को चीन या भारत या फिर दुनिया के किसी और नरक से ले आता है. इसे समझने के लिए आपको ज्यादा दूर जाने की जरूरत नहीं है बल्कि अमेरिका में इस वजह से अब तो इंग्लिश भी नहीं बोली जाती.’

ट्रंप के रीपोस्ट पर भारत की कड़ी प्रतिक्रिया

जब इस विवाद पर भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल से सवाल किया गया तो उन्होंने साप्ताहिक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘हमने कुछ रिपोर्ट देखी हैं. मैं बस इतना ही कहूंगा.’

इसके बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में उन्होंने लिखा, ‘हमने वो टिप्पणियां देखी हैं और इस पर अमेरिकी दूतावास की प्रतिक्रिया भी देखी है. ये टिप्पणियां साफ तौर पर बिना जानकारी के, अनुचित और भद्दी हैं. भारत-अमेरिका संबंधों की असलियत यह नहीं है. हमारे संबंध लंबे समय से आपसी सम्मान और साझा हितों पर टिके रहे हैं.’

—- समाप्त —-



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *