भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर (Gautam Gambhir) इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के बीच एक बार फिर चर्चा के केंद्र में हैं. शानदार उपलब्धियों के बावजूद उन्हें लगातार आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है. अब पूर्व भारतीय क्रिकेटर मुनाफ पटेल (Munaf Patel) ने एक बड़ा दावा किया है, जिससे नया विवाद खड़ा हो सकता है.
गंभीर ने जुलाई 2024 में टीम इंडिया की कमान संभाली थी और उसके बाद से उन्होंने टीम को दो बड़े ICC खिताब चैम्पियंस ट्रॉफी 2025 और T20 वर्ल्ड कप 2026 जिताए. इतनी सफलता के बावजूद आलोचनाएं कम नहीं हुईं. कभी उनकी मीडिया से बातचीत का अंदाज सवालों में रहता है, तो कभी टीम चयन को लेकर उन पर निशाना साधा जाता है.
यहां तक कि उन पर विराट कोहली और रोहित शर्मा के टेस्ट करियर को लेकर फैसलों के आरोप भी लगाए गए. अब मुनाफ पटेल ने ‘बॉम्बे स्पोर्ट एक्सचेंज’ पॉडकास्ट में बड़ा बयान देते हुए कहा कि गंभीर सिर्फ बाहर से ही नहीं, बल्कि अंदर से भी विरोध का सामना कर रहे हैं. उनका दावा है कि कई सेलेक्टर्स और कमेंटेटर्स भी गंभीर को पसंद नहीं करते हैं.
टाइम्स ऑफ इंडिया से हुई बातचीत में मुनाफ ने कहा- गंभीर का सख्त और ‘ओल्ड स्कूल’ रवैया ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है. वह बड़े नामों से प्रभावित नहीं होते और टीम में अनुशासन बनाए रखने के लिए कड़े फैसले लेने से पीछे नहीं हटते. यही वजह है कि खिलाड़ी उनसे डरते भी हैं और सम्मान भी करते हैं.
मुनाफ ने साफ कहा कि अगर गंभीर को कोच पद से हटाया गया, तो टीम इंडिया को संभालना मुश्किल हो जाएगा. उनके अनुसार- मौजूदा समय में वही एक ऐसे कोच हैं जो खिलाड़ियों पर कंट्रोल बनाए हुए हैं. अगर कोच खिलाड़ियों का दोस्त बन जाए, तो टीम का सिस्टम बिगड़ सकता है.
दिलचस्प बात यह है कि मुनाफ ने यह भी दावा किया कि गंभीर के इस रवैये के कारण उनके कई दुश्मन बन गए हैं. यहां तक कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI)के अंदर भी ऐसा हो गया है. उन्होंने कहा कि कमेंट्री पैनल के ज्यादातर लोग गंभीर के खिलाफ हैं और लगभग 80% सेलेक्टर्स भी उनसे खुश नहीं हैं.
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मुनाफ के मुताबिक- इन सबके बावजूद गंभीर अपने काम पर फोकस रखते हैं और बाहरी शोर को नजरअंदाज करते हुए टीम को आगे बढ़ा रहे हैं. उनकी कोचिंग में भारत ने जो सफलता हासिल की है, वह इस बात का सबूत है कि उनका तरीका भले ही सख्त हो, लेकिन असरदार जरूर है.
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